Wednesday, January 19, 2011

भ्रष्टाचार करने वालो की सजाएँ ..

१. भ्रष्टाचार करने वालो को ऐसी सजा मिलने चाहिए जिससे वो अपना मुह कही दिखने के काबिल न रहे. वो जहा भी जाएँ पूरा देश उन्हें पहचान ले की वो भ्रष्ट है, उन्हें मीडिया के सामने नंगा करके घुमाया जाए और हर टीवी पर उसका सीधा पर्सरन हो उनके मेसेज बनाकर सबके मोबाइल में भेज दिए जाये,
२. भ्रष्ट लोगो के साथ साथ उसके परिवार और उसके साथ जादा संपर्क में रहने वालो के साथ भी यही सजा दी जाये. उसके परिवार में और उसके रिश्तेदारों के शेहरो में भी उसकी अछि तरह बेज्जती की जाये.
३. भ्रष्ट अधिकारी और नेता लोग ही जादा भ्रष्टाचार फेलाते हैं, जिससे देश को नुकसान होता है, इसीलिए जो भी भ्रष्टाचार में शामिल हो उसे कही भी काम करने या नौकरी करने या किसी देश में जाने की इज़ाज़त नहीं देनी चाहिए. उसे किसी भी सरकारी नौकरी या कोई और सरकारी लाभ नहीं देना चाहिए.
४. भ्रष्टाचार करने वालो की सारी संपत्ति को बेचकर और उसे परिवार के नाम हुई संपत्ति को बेचकर जो की करोडो में होगी उससे नए नए स्कूल और दुसरे अच्छे कामो में लगाया जाये.

Tuesday, December 28, 2010

भारत के डॉक्टर

भारत में डॉक्टर या चिकित्सको को बहुत सम्मान की द्रष्टि से देखा जाता है, लेकिन आजकल के चिकित्सको ने पैसो को ही अपना ज़मीर बना लिया है और तो और वो पैसो के लिए किसी भी कंपनी की बनी दवाई बेच देते हैं , उसके फायदे नुकसान को देखना तो दूर वो मरीज को उनका नाम भी सही से लिखकर नहीं देते, उनकी लिखावट ऐसी होती है जो मरीज की समझ में कभी नहीं आती, मरीज को पता ही नहीं होता वो क्या खा रहा है, क्या ये सही बात है क्या इसके लिए हमारी सरकार को और दुसरे समाज के वरिष्ठ लोगो को कुछ नहीं करना चाहिए... क्या मेडिकल कोलेजो और सरकार को ऐसा कोई कानून नहीं बनाना चाहिए जो ये कहता हो की डॉक्टर को उसी भाषा में लिखना चहिये जो मरीज को समझ में आये... और साथ में डॉक्टर को ये भी लिखना चाहिए की इसके क्या क्या फायदे हैं और क्या क्या नुकसान..... अगर सही में डॉक्टर के पेशे को सम्मान से देखना चाहिए तो सबको इस बारे में सोचना चाहिए और कुछ न कुछ करना चाहिए...... जय हिंद

Friday, October 15, 2010

खिलाडी और अभिनेता

आजकल के खिलाडी और अभिनेता हमारे देश के नेताओ की तरेह ही होकर रह गए हैं..... जैसे नेता पैसे और शोहरत के लिए ही काम करते हैं वेसे ही खिलाडी और अभिनेता भी... वो देश की तरक्की के लिए कभी नहीं सोचते.... और न ही कुछ करना चाहते हैं..... इतने बड़े बड़े स्टार अपने ब्लॉग लिखते है... ट्वीटर पर लिखते है.... उनकी सोच में ऐसा कुछ नहीं दीखता जो देश की तरक्की और भविष्य के लिए हो। भगवन ने उन्हें इतने पैसे - शोहरत दी है क्या उन्हें अपने देश के लिए कुछ नहीं सोचना चाहिए..... कुछ नहीं करना चाहिए...?

Sunday, August 8, 2010

"भारत की पहली फ्री वैवाहिक चेट रूम सेवा"

( शादीवाले.ब्लागस्पाट.कॉम)
भारत में शादी की समस्या बहुत गंभीर होती जा रही है । सही वर - वधु की तलाश में लोग कितने पंडितो, अखबारों और दुसरे शादी करवाने वालो को पैसे देते है। इसके अतिरिक्त इंटरनेट पर भी बहुत सी वेब साईट है जो बहुत पैसे लेती है किसी से बात करने के लिए। इसीलिए मेने सोचा कुछ ऐसी साईं बने जाए जो बिलकुल फ्री हो और फ्री में कोई भी बात कर सकता है अपने शादी से सम्बंधित। इसलिए मेने ये साईट बनाने की कोशिश की है। अगर आप और आपके आसपास कोई लड़का या लड़की हो या उनके परिवार वाले तो आप उन्हें इस सेवा के बारे में बता सकते हैं। इस फ्री चैट सेवा की साईट है। शादीवाले.ब्लागस्पाट.कॉम

Wednesday, June 23, 2010

लड़कियों का वंश

आजकल देश तरक्की कर रहा है। लड़का लड़कियां बराबरी के काम कर रहे है... फिर भी वंश बढाने के लिए लड़का ही चाहिए होता है..... लड़की नहीं..... क्या कोई बता सकता है की लड्किया किस वंश की होती है....... उनका कोई वंश होता है या नहीं........ अगर लड़का लड़की बराबर है तो...... लड़कियों का सर नेम क्यों बदला जाता है.... इनके वंश का सर नेम क्यों नहीं रखा जा सकता....... बच्चे को पिता का ही नाम क्यों मिलता है। माता के नाम से क्यों नहीं जाना जाता...? अगर लड़का लड़की को बराबर सम्मान देना है तो हमें इस पर सोचना चाहिए, और कुछ करना चाहिए.......

Saturday, December 13, 2008

हिंदुस्तान के मुस्लिम और पाकिस्तान के मुस्लिम

पुरी दुनिया को पता चल गया है की पाकिस्तान एक आतंकवादी देश है, और पाकिस्तान एक मुस्लिम देश है। जिससे पुरी दुनिया के मुस्लिमो को आतंकवादी की द्रष्टि से देखा जा रहा है, भारत के मुस्लिमो को भी ऐसी नजरो से देखा जाने लगा है फ़िर भी भारत के मुस्लिम इतने शांत रहते हैं , उन्हें कोई फरक नही पड़ता की उनके धर्म को लोग किस नजर से देख रहे हैं, उनका खून भी नेताओ की तरेह ठंडा पड़ गया है, या वो पाकिस्तानी (अपने धार्मिक भाइयों) से बहुत प्यार करते हैं, और उनके किए गए आतंकवादी कर्मो को अनदेखा कर रहे हैं, और भारत में अगर कोई मुस्लिमो को जरा सा भी कोई कुछ कद दे तो पुरी कोम लड़ने मरने को तयार हो जाती है लेकिन पाकिस्तानी आतंकवादी कुछ करते हैं तो इन्हे कोई फर्क क्यों नही पड़ता ..क्या ये यही सब चाहते है जो पाकिस्तान चाहता है , हमारे नेता इनके वोटो के चक्कर में पड़े हैं , भविष्य में क्या होगा नही सोचा जा रहा , भारत के मुसल मनो से पूछा जाए की क्या पाकिस्तान पर हमला बोला जाए तो शायद वो ताल मटोलकर दे। लेकिन भारत को अपने बचो के भाविशिये के बारे में सोचना चाहिए, की आगे क्या होगा , अभी तो २००८ में हमलो की कतार लग गई है अगर इसे नही रोका गया तो भारत भी आतंकियों का गड बन जायगा फ़िर कोई भी इन्हे नही रोक पायगा, क्योंकि कुछ हमारे देश के लोगो में वहां के लोग पल रहे हैं, जो भारत को बरबाद करना चाहते हैं, भारत में छोटी छोटी बताओ के लिए फतवा जरी कर दिया जाता है लेकिन इन आतंकियों के खिलाफ कोई फतवा जरी नही करता .....क्यों? क्या ये उन फतवा जरी करने वालो के खिलाफ नही है.... वो ये सब अपने धर्म में अच्छा मानते हैं, हमारे देश के नौजवानों को कुछ करना होगा। अभी बस अभी......... ये देश है वीर जवानों का .......वीरो को आगे निकलकर उनको जवाब देना है...जो यहाँ आने की हिम्मत करते हैं......उनको सबक सिखाना है .... इस बार उनको ऐसा सबक सिखाओ की कोई भी आतंकवादी.... चाहे वो कही भी हो भारत में या पाकिस्तान में या दुनिया के किसी भी कोने में उनको मार गिरना है।

Friday, December 5, 2008

पाकिस्तान पर हमला

भारत ने पाकिस्तान पर हमला अब नही किया तो कब करेगा। इतना कुछ करने के बाद भी भारत पके खिलाफ कुछ नही करता तो इसका मतलब ये होगा की पहले तो आतंकवादी मेसेज भेजकर हमला करते हैं लेकिन फ़िर भी भारत कुछ नही करता । अब तो आतंकवादियों को बताना होगा की जब तक तुम ऐसा नही करोगे तब तक हम पाकिस्तान पर हमला नही करेंगे । नेता लोगों से लिखवाना चाहिए की जब पाकिस्तानी आतंकवादी ऐसा करेंगे या वैसे करेंगे तब हम हमला करेंगे नही तो कुछ नही करेंगे। इसबार नेता लोगो को बताना होगा की कब करेंगे वो हमला .......................? भारत की जनता को ये पूछने का पुरा अधिकार है। मिडिया को भी ये सवाल सभी नेता से पूछने चाहिए की वो पाकिस्तान पर हमला कब करेंगे । जब पुरा मुंबई उड़ा दिया जायगा या दिल्ली या कुछ और दोनों या सारे नेता या सारे हिंदू .....................?